मोरपंख रंग, संतुलन और करुणा का प्रतीक है। इसके नाज़ुक रेशे धैर्य और विनम्र शक्ति सिखाते। रंग-बिरंगे पंख कहते हैं, स्वयं को अपनाओ, चमको।
व्यक्तित्व विकास में यह साहस, सौंदर्य और संतुलन जगाता। सीखो, लचीले बनो, असली रहो, लक्ष्य पर डटे। आज से मोरपंख-सा दमको; बढ़ो, मुस्कराओ, प्रेरणा बनो।