माखन चुराने वाला गोपाल, मुरली की मधुर तान, मित्रों का सखा, हँसी में भरा जीवन।
चुनौतियाँ आईं, उनका रूपांतरण हुआ, धर्म के रक्षक बने, गीता का प्रकाश बनकर, जगतगुरु तक पहुँचे। संदेश: प्रेम, साहस, और जिम्मेदारी अपनाएँ; हर अनुभव से खुद को उन्नत करें।
माखन चुराने वाला गोपाल, मुरली की मधुर तान, मित्रों का सखा, हँसी में भरा जीवन।
चुनौतियाँ आईं, उनका रूपांतरण हुआ, धर्म के रक्षक बने, गीता का प्रकाश बनकर, जगतगुरु तक पहुँचे। संदेश: प्रेम, साहस, और जिम्मेदारी अपनाएँ; हर अनुभव से खुद को उन्नत करें।